नई दिल्ली। मोदी सरकार की सॉवरेन गोल्ड बांड स्कीम में निवेश करने वालोंं को तगड़ा फायदा हो रहा है। इस स्कीम की शुरुआत 2015 में हुई थी। सॉवरेन गोल्ड बांड स्कीम के तहत सरकार सस्ते में 24 कैरेट गोल्ड लोगों को एलाट करती है। इस स्कीम के तहत यह गोल्ड भारतीय रिजर्व बैंक यानी आरबीआई गोल्ड एलाट करती है। इस स्कीम में पैसा लगाने वालों कोा गोल्ड एलाट होने के साथ ही हर छह महीने पर ब्याज भी दिया जाता है। यह ब्याज ढाई फीसदी वार्षिक होता है। अगर किसी ने सॉवरेन गोल्ड बांड स्कीम में 1 लाख रुपया लगाया होगा तो उसके बैंक खाते में हर साल 2500 रुपये भी आ रहा होगा। आइये जानते हैं कि सॉवरेन गोल्ड बांड स्कीम में निवेश करने वालों का पैसा कितने दिनों में दोगुना हो गया।
7 अगस्त तक है सॉवरेन गोल्ड बांड स्कीम में निवेश का मौका
वैसे अगर कोई सॉवरेन गोल्ड बांड स्कीम में निवेश करके गोल्ड लेना चाहे तो उसके पास 7 अगस्त 2020 तक मौका है। कोई भी भारतीय नागरिक इस स्कीम में निवेश कर 24 कैरेट गोल्ड एलाटा करा सकता है। वैसे अगर कोई 7 अगस्त तक निवेश नहीं कर पाता है तो निराश होने की जरूरत नहीं है। 31 अगस्त 2020 को एक बार फिर से सॉवरेन गोल्ड बांड स्कीम निवेश के लिए खुलेगी। उस वक्त भी निवेश करके गोल्ड खरीदा जा सकता है। हालांकि उस वक्त किस रेट पर गोल्ड मिलेगा, यह एक दिन पहले ही पता चलेगा।
सावरेन स्वर्ण बांड 3 अगस्त 2020 को निवेश के लिए खुल रहा है। कोई भी भारतीय नागरिक बाजार रेट से कम पर इस स्कीम के तहत गोल्ड खरीद सकता है। अगर इस स्कीम में निवेश के लिए ऑनलाइन पेमेंट किया जाए, तो आपको 500 रुपये प्रति 10 ग्राम की छूट अलग से दी जाती है। अगर यह दोनों छूट को मिला लिया जाए तो अच्छा खासा फायदा उठाया जा सकता है। आरबीआई ने इस बार यानी 7 अगस्त तक सावरेन स्वर्ण बांड का मूल्य 53340 रुपये प्रति 10 ग्राम तय किया है। वहीं सोमवार यानी 3 अगस्त 2020 को 24 कैरेट गोल्ड का मूल्य 53952 प्रति 10 ग्राम था। इस प्रकार सावरेन स्वर्ण बांड में निवेश करने वालों को सीधे सीधे 612 रुपये प्रति 10 ग्राम का फायदा हो रहा है। वहीं सरकार ऑनलाइन पेमेंट करने वालों को 500 रुपये प्रति दस ग्राम की अतिरिक्त छूट देती है। ऐसे में अगर कोई ऑनलाइन पेमेंट करता है तो उसे 1112 प्रति 10 ग्राम की छूट मिल सकती है।
आज से करीब 4 साल पहले यानी 2015 को सावरेन स्वर्ण बांड योजना की शुरुआत हुई थी। वस वक्त सावरेन स्वर्ण बांड के तहत 10 ग्राम सोने की कीमत 26820 रुपये तय की गई थी। वहीं 3 अगस्त 2020 को सावरेन स्वर्ण बांड की कीमत 53340 रुपये प्रति दस ग्राम तय की गई है। इस प्रकार जिन लोगों ने 2015 में इस स्कीम के तहत 26820 रुपये लगाया होगा, उनकी वैल्यू इस वक्त 26520 रुपये प्रति दस ग्राम बढ़ चुकी है। इस प्रकार से यह निवेश लगभग दोगुना हो चुका है। अगर जानकारों की राय मानी जाए तो गोल्ड का रेट अभी और भी ऊपर जा सकता है।
-6 से 10 जुलाई 2020 के बीच आए सावरेन स्वर्ण बांड का रेट 4,8520 रुपये प्रति 10 ग्राम तय किया गया था।
-सावरेन स्वर्ण बांड स्कीम में 2016-17 में रेट 30,567 रुपये प्रति दस ग्राम तय हुआ था।
-सावरेन स्वर्ण बांड में 2017-18 में रेट 29,042 रुपये प्रति दस ग्राम तय हआ था।
-सावरेन स्वर्ण बांड में 2018-19 में रेट 31,659 रुपये प्रति दस ग्राम तय हुआ था।
-सावरेन स्वर्ण बांड में 2019-20 में रेट 37,775 रुपये प्रति दस ग्राम तय हआ था।
सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड को ऑनलाइन खरीद सकते हैं। इसके अलावा इसकी बिक्री बैंकों, स्टॉक होल्डिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (एसएचसीआईएल), चुनिंदा डाकघरों और एनएसई व बीएसई जैसे स्टॉक एक्सचेंज के जरिए भी होगी। इसके लिए आप अपने शेयर ब्रोकर से संपर्क कर सकते हैं। अगर आप ऑनलाइन बैंकिंग करते हैं, तो ज्यादातर बैंकों ने आपको सीधे इसमें निवेश करने का विकल्प दे रखा है। इस प्रकार की खरीदारी में पेमेंट का ऑनलाइन माना जाएगा और गोल्ड कुछ ज्यादा ही सस्ता मिलेगा।
सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड्स (एसजीएस) स्कीम के तहत यह सोना भारतीय रिजर्व बैंक यानी आरबीआई ऐलाट करता है। इस स्कीम के तहत जो लोग गोल्ड खरीदते हैं, उनको हर साल उनके निवेश पर ब्याज भी दिया जाएगा। यह ब्याज 2.50 फीसदी होता है। यह ब्याज निवेशक के बैंक खाते में हर 6 माह में ट्रांसफर कर दिया जाता है। अगर कोई व्यक्ति 1 लाख रुपये का गोल्ड खरीदता है, तो उसे हर साल सरकार की तरफ से 2500 रुपये ब्याज के रूप में दिया जाता है। ब्याज की अंतिम किस्त का भुगतान मूलधन के साथ मेच्योरिटी पर दिया जाता है। सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड की मेच्योरिटी 8 साल में होती है। लेकिन निवेशक चाहें तो 5 साल, 6 साल या 7 साल के बाद इसे बेच भी सकता है।
कोई भी भारतीय नागरिक 1 वित्तीय वर्ष में न्यूनतम 1 ग्राम और अधिकतम 4 किलोग्राम तक सोना सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड स्कीम के तहत खरीद सकता है। वहीं किसी ट्रस्ट के लिए खरीद की अधिकतम सीमा 20 किग्रा तय की गई है।
सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड की खरीदारी करने पर ऑनलाइन भुगतान किया जाए तो निवेशकों को 500 रुपये प्रति दस ग्राम की छूट मिलती है। इस प्रकार गोल्ड को और भी सस्ते में खरीदा जा सकता है।
-सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड को भारत सरकार की तरफ से आरबीआई जारी करती है, ऐसे में निवेश के डूबने का खतरा नहीं है।
-सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड भौतिक सोना के मुकाबले रखना आसान और सुरक्षित होता है।
-सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड को बेच कर पैसा निकालना काफी आसान है।
-सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड में निवेश पर सोने की कीमत बढ़ने के साथ 2.5 फीसदी का सालाना ब्याज लाभ भी मिलता है।
More Articles
- एडलवाइस का नया ETF लॉन्च: लार्ज और मिड-कैप में डिविडेंड का मिलेगा डबल फायदा
- ITR डेडलाइन: रिफंड अटकने से बचाना है तो अभी चेक करें AIS और TIS, वरना होगी परेशानी
- Redington Share Price: शानदार नतीजों के दम पर 10% उछला शेयर, खरीदारी का सही समय?
- अदाणी एंटरप्राइजेज ने एयरलाइन लॉन्च की अटकलों को किया खारिज, कहा- रिपोर्ट्स निराधार
- भारी बारिश का अलर्ट: बाढ़ में डूबी कार को स्टार्ट न करें, क्लेम पाने का सही तरीका जानें
- Manipal Health IPO: ₹9,275 करोड़ का बड़ा दांव, क्या आपको अप्लाई करना चाहिए?