नयी दिल्ली। फिक्स्ड डिपॉजिट (एफडी) एक खास निवेश उपकरण है। आप बैंक या गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (एनबीएफसी) में एफडी करा सकते हैं। आपका पैसा एक बार में जमा हो जाता है, जिस पर बैंक आपको ब्याज देता है। आप 1 हफ्ते से लेकर 10 साल तक के लिए एफडी करा सकते हैं। इससे आप आराम से अपने निवेश पर स्थिर रिटर्न हासिल कर सकते हैं। पहली बात बचत खाते जैसे किसी साधारण ऑप्शन की तुलना में एफडी एक बेहतर विकल्प है। दूसरे एफडी पर आपको और भी बहुत से फायदे मिलते हैं, जिनमें लोन और क्रेडिट कार्ड भी शामिल है। आइए जानते हैं उन सभी बेनेफिट्स के बारे में।
आप एफडी में निवेश करते समय उच्चतम ब्याज दर हासिल कर कर सकते हैं जो आपको अच्छा रिटर्न प्राप्त करने में मदद करती है। आप किसी बचत खाते के मुकाबले एफडी में अधिक ब्याज कमा सकते हैं। एफडी में लागू ब्याज दरें हमेशा जोखिम मुक्त होती हैं क्योंकि ये बाजार से प्रभावित नहीं होती।
जोखिम-मुक्त निवेश
एफडी में जमा पैसा पूरी तरह से सुरक्षित है। क्योंकि अगर बैंक की हालत खराब भी हो तो नियमों के मुताबिक आपका 5 लाख रु तक का पैसा सुरक्षित रहेगा। यहां एक बात ध्यान रखने वाली है कि आप किसी बैंक में अधिकतम 5 लाख रु तक की ही एफडी कराएं ताकि आपका पूरा पैसा सुरक्षित रहे।
आप एफडी में न्यूनतम 100 रु का भी निवेश कर सकते हैं। वैसे भारत के अधिकांश प्रमुख बैंक न्यूनतम 1,000 रुपये का निवेश करने की अनुमति देते हैं। मगर 1000 रु पर भी ये काफी किफायती निवेश है।
लचीली अवधि
आप अपना पैसा 7, 15 या 45 दिनों से लेकर 1.5 से 10 साल तक के लिए निवेश कर सकते हैं। वैसे आम तौर पर अलग-अलग बैंकों में ये कार्यकाल विभिन्न हो सकता है। मगर इतने कम समय के लिए निवेश का ऑप्शन अपने आप में काफी लचीला है।
एफडी भारत में सबसे अधिक पसंद किया जाने वाले निवेश विकल्पों में से एक है। विभिन्न बैंकों और एनबीएफसी की फिक्स्ड डिपॉजिट निवेशकों के बीच काफी लोकप्रिय होती हैं। इसकी वजह है हाई और गारंटीड रिटर्न। एफडी ब्याज दर निवेशक की उम्र, कार्यकाल और बैंक / कंपनी पर निर्भर करती हैं।
एफडी पर लोन
बहुत कम लोग इस सुविधा के बारे में जानते होंगे कि आपको के समय अपने एफडी निवेश पर लोन मिल सकता है। आपसे इस लोन के लिए कोई प्रोसेसिंग फीस भी नहीं ली जाएगी। इस लोन को आप एक बार या किस्तों में चुका सकते हैं।
आप अपने एफडी पर क्रेडिट कार्ड के लिए भी आवेदन कर सकते हैं। क्रेडिट कार्ड की क्रेडिट कैप फिक्स्ड डिपॉजिट की राशि के आधार पर तय की जाती है। ये एक काफी बेहतर ऑप्शन है।
समयपूर्व या आंशिक निकासी
आप एफडी में से समय से पहले भी अपना पैसा निकाल सकते हैं। हालांकि निवेशकों को एफडी अवधि से पहले पैसे निकालने के लिए बैंक को 1-2 फीसदी तक का जुर्माना देना होता है।
वरिष्ठ नागरिकों के लिए रिटायरमेंट के बाद के वर्षों का आनंद लेने के लिए एफडी बहुत आवश्यक वित्तीय सहायता है। क्योंकि एफडी पर वरिष्ठ नागरिकों को 0.25 फीसदी से 0.75 फीसदी की अतिरिक्त ब्याज दर मिलती है।
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